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Types Of Rudraksha

रुद्राक्ष के प्रकारTypes of Rudraksha

रुद्राक्ष के विभिन्न प्रकार के बारें में जानने के लिए क्लिक करें

रुद्राक्ष भगवान शिव के अश्रुओं से उत्पन्न हुए हैं। इनके महत्व का वर्णन कई पुराणों और शास्त्रों में मिलता है। रुद्राक्ष से जुड़ी कुछ विशेष बातें निम्न हैं:
* मान्यता है कि शिवजी की उपासना करने वाले हर प्राणी को रुद्राक्ष अवश्य धारण करना चाहिए।
* इसे धारण करने से भक्ति एवं मोक्ष की प्राप्ति होती है। मान्यता है कि हर रुद्राक्ष का अपना महत्व (Benefits of Rudraksha in Hindi) और मंत्र होता है।
* यूं तो रुद्राक्ष पहनने के लिए कोई विशेष पूजा अथवा कर्म-काण्ड नहीं करने पड़ते लेकिन कुछेक छोटे और आसान उपायों से रुद्राक्ष को सिद्ध कर पहनने से बहुत ज्यादा लाभ मिलता है।
* वर्तमान में चौदह मुखी और गौरी शंकर (Gauri Shankar Rudraksha), लक्ष्मी एवम गणेश रुद्राक्ष ही प्राप्त हो पाते हैं।
हर रुद्राक्ष के अपने फायदे होते हैं। जातक अपनी परेशानियों के अनुसार भी इन्हें धारण कर सकता है या फिर अपनी राशि के आधार पर भी रुद्राक्ष को पहन सकता है। आइएं हर रुद्राक्ष की महिमा (Rudraksha Mahima) और इसे धारण करने की विधि पर एक नजर डालें:

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